पटना चिड़ियाघर का नाम बदला, संजय गांधी जैविक उद्यान अब नया नाम
1969 में वनस्पति उद्यान के रूप में शुरू हुआ संजय गांधी जैविक उद्यान, 1973 में चिड़ियाघर के रूप में जनता के लिए खुला था। अब इसका नाम बदल दिया गया है।
© Image credit: : ABP News
पटना के प्रसिद्ध संजय गांधी जैविक उद्यान, जिसे लोग पटना चिड़ियाघर के नाम से भी जानते हैं, का नाम अब बदल दिया गया है। यह उद्यान 1969 में एक वनस्पति उद्यान के रूप में शुरू हुआ था और 1973 में इसे चिड़ियाघर के रूप में जनता के लिए खोला गया था। अब इस ऐतिहासिक स्थल का नया नाम रखा गया है, जो जल्द ही सार्वजनिक किया जाएगा।
सरकारी अधिकारियों ने बताया है कि नाम परिवर्तन का उद्देश्य उद्यान की पहचान को और बेहतर बनाना है ताकि यह पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए और भी आकर्षक बन सके। साथ ही, यह कदम उद्यान के संरक्षण और विकास के लिए नए अवसर भी प्रदान करेगा।
संजय गांधी जैविक उद्यान न केवल वनस्पतियों और जीव-जंतुओं का घर है, बल्कि यह शिक्षा और संरक्षण का भी एक महत्वपूर्ण केंद्र है। यहाँ विभिन्न प्रजातियों के पौधे और जानवर देखे जा सकते हैं, जो पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में मदद करते हैं।
नाम बदलने से उद्यान की लोकप्रियता में वृद्धि की उम्मीद है। स्थानीय लोग और पर्यटक दोनों ही नए नाम के तहत उद्यान का भ्रमण करना पसंद करेंगे। हालांकि, नाम परिवर्तन के कारण कुछ समय तक जानकारी में भ्रम हो सकता है, लेकिन प्रशासन ने इसे कम करने के लिए उचित कदम उठाए हैं।
इस तरह का नाम परिवर्तन पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने का एक सकारात्मक प्रयास माना जा रहा है।
News Source: : ABP News
Continue with Google
Advertisements